
शहडोल। एसईसीएल सोहागपुर क्षेत्र में कर्मचारियों के कल्याण, स्वास्थ्य, आवास, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल सामने आई है। 21 एवं 22 अगस्त को आयोजित कंपनी स्तरीय कल्याण समिति एवं क्षेत्रीय कल्याण समिति के दो दिवसीय निरीक्षण कार्यक्रम के दौरान कर्मचारियों से जुड़ी समस्याओं को जमीनी स्तर पर समझने के साथ उनके निराकरण के लिए आवश्यक प्रस्तावों और सुधारात्मक कदमों पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता सोहागपुर क्षेत्र के महाप्रबंधक बी.के. जेना ने की। निरीक्षण के दौरान समिति सदस्यों ने विभिन्न खदानों, कॉलोनियों, अस्पताल और कर्मचारी सुविधाओं का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया। इस दौरान कर्मचारियों की समस्याओं को प्राथमिकता के साथ सुना गया।
बैठक में कर्मचारी हितों से जुड़े मुद्दों पर हुई विस्तृत चर्चा
21 अगस्त की सुबह आयोजित बैठक में क्षेत्रीय कल्याण समिति के सदस्यों ने सोहागपुर क्षेत्र के कर्मचारियों से संबंधित विभिन्न समस्याओं और कल्याणकारी सुविधाओं के मुद्दे कंपनी कल्याण समिति के समक्ष रखे। बैठक में पेयजल, आवास, स्वास्थ्य सुविधाओं, कॉलोनी व्यवस्था, कैंटीन तथा सिविल कार्यों से जुड़ी समस्याओं पर चर्चा हुई। अधिकारियों ने सामने आए विषयों के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई एवं उच्चस्तरीय प्रस्ताव तैयार करने पर विचार-विमर्श किया। बैठक में सोहागपुर क्षेत्र के उपक्षेत्रीय प्रबंधक, विभागाध्यक्ष, सिविल विभाग एवं मानव संसाधन विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
धनपुरी केंद्रीय चिकित्सालय की व्यवस्थाओं की जांच
निरीक्षण कार्यक्रम के तहत धनपुरी केंद्रीय चिकित्सालय का भी जायजा लिया गया। समिति सदस्यों ने अस्पताल में उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं, व्यवस्थाओं तथा कर्मचारियों एवं उनके परिजनों को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी ली।निरीक्षण के दौरान सामने आए विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा करते हुए आवश्यक सुधार एवं सुविधाओं के विस्तार को लेकर प्रस्ताव तैयार करने की बात कही गई।
खैरहा में श्रमिकों को मिली पेयजल और कैंटीन की सुविधा
दो दिवसीय निरीक्षण के दूसरे दिन खैरहा खदान में कर्मचारियों की सुविधा से जुड़ी महत्वपूर्ण सौगात मिली। यहां स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आरओ प्लांट का शुभारंभ किया गया। इसके साथ ही श्रमिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कैंटीन का भी उद्घाटन किया गया। इन सुविधाओं के शुरू होने से खदान में कार्यरत कर्मचारियों को बेहतर पेयजल और भोजन संबंधी सुविधा उपलब्ध होने की उम्मीद है।
राजेंद्र कॉलोनी में भी व्यवस्थाओं का लिया जायजा
निरीक्षण दल ने राजेंद्र कॉलोनी पहुंचकर वहां की नागरिक एवं कर्मचारी सुविधाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान कल्याण मंडप सहित कॉलोनी की विभिन्न व्यवस्थाओं को देखा गया और कर्मचारियों से संबंधित आवश्यकताओं की जानकारी ली गई। समिति सदस्यों ने कहा कि कर्मचारी कल्याण केवल कार्यस्थल तक सीमित विषय नहीं है, बल्कि आवासीय क्षेत्रों में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना भी इसका महत्वपूर्ण हिस्सा है।
सोहागपुर हाउस में शुरू हुआ सिविल शिकायत प्रकोष्ठ
दो दिवसीय कार्यक्रम का सबसे महत्वपूर्ण और कर्मचारियों के लिए उपयोगी कदम सोहागपुर हाउस में सिविल शिकायत प्रकोष्ठ की शुरुआत रहा। वेलफेयर कमेटी की पहल और सुझाव पर शुरू किए गए इस प्रकोष्ठ के माध्यम से कर्मचारी अब सिविल कार्यों से जुड़ी अपनी समस्याएं घर बैठे फोन के माध्यम से दर्ज करा सकेंगे। शिकायत दर्ज होने के बाद संबंधित विभाग तक उसे पहुंचाकर उसके निराकरण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस व्यवस्था से कर्मचारियों को छोटी-बड़ी सिविल समस्याओं के लिए संबंधित कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत मिलने की उम्मीद है।
कल्याण समिति की पहल की हुई सराहना
समिति सदस्यों ने सिविल शिकायत प्रकोष्ठ को कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान की दिशा में उपयोगी पहल बताया। उनका कहना रहा कि शिकायत दर्ज कराने के लिए व्यवस्थित माध्यम उपलब्ध होने से समस्याओं की निगरानी और उनके निराकरण में तेजी लाई जा सकेगी। इस पहल के लिए क्षेत्रीय प्रबंधन, कल्याण समिति एवं संबंधित विभागों के अधिकारियों की भूमिका की सराहना की गई।
कंपनी और क्षेत्रीय कल्याण समिति के सदस्य रहे मौजूद
निरीक्षण कार्यक्रम में कंपनी कल्याण बोर्ड की ओर से एटक के राजेश चंद शर्मा, बीएमएस के महेंद्र पाल सिंह, एचएमएस के बजरंगी शाही, इंटक के प्रीतम नाथ पाठक, सीटू के अमृतलाल विश्वकर्मा तथा सीएमओएआई के ए.के. खुल्लर वही क्षेत्रीय कल्याण समिति में एटक से अंबिका प्रसाद तिवारी एवं अजय तिवारी सीटू से धीरेन्द्र पांडे एवं इंद्रजीत पटेल. बीएमएस से अखिलेश्वर मिश्रा एवं सोमेंद्र हाटी. एच.एम.एस.से विकाश चन्द्र पांडे मनोज दिवेद्री.इंटक से शंभू पांडे एवं विनोद तिवारी तथा सीएमओएआई से अमन दीप सिंह एवं केशव मीणा शामिल रहे। क्षेत्रीय कल्याण समिति की ओर से भी विभिन्न श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने सहभागिता की। रामपुर बटुरा ओसीएम के उप क्षेत्रीय प्रबंधक संदीप शर्मा भी कार्यक्रम में शामिल रहे।
बिलासपुर मुख्यालय की टीम ने भी लिया जायजा
निरीक्षण कार्यक्रम में एसईसीएल बिलासपुर मुख्यालय से सिविल विभाग की टीम विशेष रूप से शामिल हुई। महाप्रबंधक (सिविल) प्रणय गौर के नेतृत्व में टीम ने विभिन्न स्थानों का निरीक्षण किया। वहीं प्रबंधक (कल्याण) विवेक सिंह ने कार्यक्रम के समन्वय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। चिकित्सा संबंधी व्यवस्थाओं में बिलासपुर के सीएमएस डॉ. सुबोध कुमार के नेतृत्व में टीम ने सहभागिता की। सिविल विभाग के एचओडी सुमन कुमार एवं उनकी टीम भी निरीक्षण के दौरान सक्रिय रही।
कर्मचारी हितों को प्राथमिकता देने का संदेश
दो दिनों तक चले निरीक्षण कार्यक्रम में स्वास्थ्य, आवास, पेयजल, कैंटीन, सिविल कार्य और अन्य कर्मचारी कल्याणकारी सुविधाओं से जुड़े विषयों को प्रमुखता से उठाया गया। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश भी सामने आया कि कर्मचारियों की समस्याओं को केवल कागजी प्रक्रिया तक सीमित न रखकर जमीनी स्तर पर उनकी स्थिति को समझते हुए समाधान की दिशा में आगे बढ़ने की आवश्यकता है। समिति सदस्यों ने सोहागपुर क्षेत्र में कर्मचारी सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। विशेष रूप से सिविल शिकायत प्रकोष्ठ की शुरुआत को कर्मचारियों के लिए उपयोगी और समय की जरूरत के अनुरूप पहल बताया गया।
निरीक्षण से कर्मचारियों में जगी उम्मीद
दो दिवसीय निरीक्षण और नई सुविधाओं की शुरुआत से सोहागपुर क्षेत्र के कर्मचारियों में उम्मीद जगी है कि निरीक्षण के दौरान सामने आई समस्याओं पर अब समयबद्ध तरीके से कार्रवाई होगी। आरओ प्लांट, कैंटीन और सिविल शिकायत प्रकोष्ठ जैसी पहलें यदि प्रभावी रूप से संचालित होती हैं, तो इससे कर्मचारियों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा और कार्यस्थल के साथ-साथ आवासीय क्षेत्रों की सुविधाओं में भी सुधार की राह मजबूत होगी।
