
दैनिक भारती अनूपपुर। अनूपपुर जिला से लगे छत्तीसगढ़ के पड़ोसी जिले पेंड्रा के समीप की निवासी 20 वर्षीय युवती जो मानसिक रूप से बीमार एवं कमजोर स्थिति में भटकते हुए अनूपपुर आ जाने पर जिला चिकित्सालय अनूपपुर में भर्ती कर रखा गया। जिसकी जानकारी मिलने पर जिला मुख्यालय के सामाजिक कार्यकर्ता शशिधर अग्रवाल ने युवती की पहचान हेतु व्हाट्सएप एवं व्यक्तिगत तौर पर खोजबीन करने पर युवती के परिजनों से संपर्क हो जाने पर उसके परिजनों को जानकारी देकर अनूपपुर जिला चिकित्सालय बुलाया एवं युवती को उसके परिजनों से मिला कर घर भेजा। जिला मुख्यालय अनूपपुर के सामाजिक कार्यकर्ता शशिधर अग्रवाल ने बताया कि चार-पांच दिन पूर्व देर रात आम जनों की सूचना पर 108 एंबुलेंस द्वारा एक 20 वर्षीय युवती को जिला चिकित्सालय में लाया गया था, जिसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं होने,कमजोर होने पर युवती कुछ बोल बता पाने में असमर्थ रही। जिस पर पुलिस सहायता केंद्र अनूपपुर के प्रधान आरक्षक कमलेश प्रसाद, आरक्षक आशीष तिवारी जिला चिकित्सालय के चिकित्सकों एवं स्टाफ द्वारा शशिधर अग्रवाल को अवगत कराते हुए खोजबीन कराये जाने की अपेक्षा की,जिस पर श्री अग्रवाल द्वारा अज्ञात युवती की जानकारी लेते हुए छत्तीसगढ़ राज्य के गजराज दल एप,हाथी समूह,पंचायत समूह के साथ अनेकों स्थानों एवं व्यक्तिगत रूप से संपर्क कर पहचान कराये जाने का प्रयास किए जाने पर व्हाट्सएप के माध्यम से परिजनों को जानकारी मिलने पर परिजनों से श्री अग्रवाल से संपर्क कर मंगलवार की दोपहर जिला चिकित्सालय अनूपपुर पहुंचकर युवती को देखा जिसका नाम धनपतिया सिंह पिता स्व.बसंत सिंह,मां स्व.शांतिबाई सिंह उम्र 20 वर्ष ग्राम डोंगरापारा,ग्राम पंचायत आमाडांड जनपद पंचायत,तहसील एवं थाना पेंड्रा जिला जीपीएम छत्तीसगढ़ की होना पाया गया।जो मानसिक रूप से बीमार होने,शारीरिक रूप से कमजोर होने परिवार के अन्य सदस्य अपने अपने मजदूरी मूलक कार्यों में कार्य करते रहने के कारण अचानक भटकते हुए अनूपपुर आ गई रही। जिसे बड़े भाई जलेश कुमार सिंह,फूफा राम सिंह, पड़ोसी भाव सिंह पेन्दाम, सूरजभान सिंह पेंदाम को सौंपा गया। जिस पर परिजनों द्वारा उसे अपने गृह ग्राम ले गये।